लंदन में बिकी भारत की सबसे महंगी पेंटिंग ! क्या है 500 साल पुरानी इस पेंटिंग में ऐसा खास ?
लंदन में आयोजित एक नीलामी में भारत की कला ने इतिहास रच दिया है। मुगल सम्राट अकबर के प्रिय कलाकार बसावन द्वारा बनाई गई पेंटिंग ‘ए फैमिली ऑफ चीता इन ए रॉकी लैंडस्केप’ को ₹119 करोड़ (10,245,000 पाउंड) में बेचा गया। यह अब तक की सबसे महंगी क्लासिकल भारतीय कलाकृति बन गई है।
अनुमानित मूल्य से करीब 14 गुना ज़्यादा कीमत
यह नीलामी ‘एक्सेप्शनल पेंटिंग्स फ्रॉम द पर्सनल कलेक्शन ऑफ प्रिंस एंड प्रिंसेस सदरुद्दीन आगा खान’ के तहत हुई थी। खास बात यह रही कि यह पेंटिंग अपने अनुमानित मूल्य से करीब 14 गुना ज़्यादा कीमत पर बिकी। यह पेंटिंग मुगल काल की शुरुआती और सबसे उत्कृष्ट कलाकृतियों में से एक है, जो लगभग 1575 से 1580 ईस्वी के बीच बनाई गई थी।
क्या है पेंटिंग में
इस पेंटिंग में एक चीतों का परिवार दिखाया गया है, जो हरियाली से भरे मैदान में आराम कर रहा है। उनके पास एक बहती हुई धारा और टेढ़ा-मेढ़ा पेड़ है, जो उन्हें छांव देता है। यह नज़ारा प्रकृति और जानवरों के बीच के संतुलन को खूबसूरती से दर्शाता है — जो मुगलकालीन चित्रकला की खासियत मानी जाती है।

चांदी जड़ी पिस्तौल भी बिकी
इसी नीलामी में भारतीय इतिहास से जुड़ी अन्य कलाकृतियों ने भी रिकॉर्ड बनाए। टीपू सुल्तान के लिए बनवाई गई चांदी जड़ी पिस्तौलों की जोड़ी 11 लाख पाउंड में बिकी, जो अनुमानित कीमत से लगभग 14 गुना अधिक है। वहीं, महाराजा रणजीत सिंह की एक ऐतिहासिक पेंटिंग 9 लाख 52 हजार 500 पाउंड में बिकी, जो सिख कला के क्षेत्र में नया रिकॉर्ड है।
इस नीलामी को लेकर कला के जानकारों का कहना है कि यह भारत की संस्कृति, इतिहास और शिल्प कौशल की वैश्विक पहचान को और मज़बूत बनाता है। भारतीय कलाओं में बढ़ती रुचि इस बात का संकेत है कि मुगल और सिख युग की कला अब विश्व कला बाज़ार में अपना नया स्थान बना रही है।