दुर्गापुर गैंगरेप पीड़िता के पिता को बंगाल में जान का खतरा! ममता बनर्जी ने कहा था “लड़कियों को रात में बाहर नहीं निकलना चाहिए!”
दुर्गापुर (पश्चिम बंगाल):
पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में गैंगरेप की शिकार हुई ओडिसा की 23 वर्षीय MBBS सेकेंड ईयर की छात्रा की हालत में सुधार हुआ है। पीड़िता के पिता ने अब बेटी को इलाज के लिए भुवनेश्वर शिफ्ट करने की मांग की है। उन्होंने दावा किया है कि उनकी जान को खतरा है और वह डर के कारण छिपे हुए हैं।
पीड़िता के पिता ने कहा कि उनकी बेटी की हालत में सुधार है, लेकिन मामले को दबाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के हालिया बयान की भी निंदा की है।
पीड़िता के पिता ने बताया
“मेरी बेटी आधी रात को बाहर नहीं गई थी। वह शाम करीब आठ बजे बाहर गई थी। प्रशासन सच्चाई छिपाने की कोशिश कर रहा है। उसका साथी हमले के दौरान भाग गया और उसने किसी को इसकी जानकारी नहीं दी।”
उन्होंने कहा कि “हम डरे हुए हैं, मुझे और मेरी बेटी को पश्चिम बंगाल में जान का खतरा है। मैं चाहता हूं कि मेरी बेटी को जल्द से जल्द भुवनेश्वर शिफ्ट किया जाए।”
क्या हुआ था
अधिकारियों के अनुसार, शुक्रवार रात करीब आठ बजे मेडिकल कॉलेज की एक छात्रा के साथ तीन लोगों ने कथित तौर पर दुष्कर्म किया। घटना उस समय हुई जब वह अपने एक पुरुष साथी के साथ कॉलेज परिसर से बाहर डिनर पर गई थी। रास्ते में तीन लोगों ने उनको घेर लिया इस दौरान छात्रा का पुरुष साथी मौके से भाग गया और उसने न तो शोर मचाया, न ही किसी को सूचना दी। इसके बाद बदमाशों ने छात्रा को घसीटकर पास के जंगल में ले जाकर गैंगरेप किया। घटना के बारे में किसी को न बताने की धमकी भी दी।
ममता बनर्जी का बयान जिसपर बवाल मचा हुआ है
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा था कि,“लड़कियों को रात में कैंपस से बाहर नहीं निकलना चाहिए, खासकर राज्य के बाहर से आने वाली छात्राओं को छात्रावास के नियमों का पालन करना चाहिए।”
उनके इस बयान पर तीखा विवाद शुरू हो गया। आलोचना के बाद ममता बनर्जी ने सफाई दी कि उनके बयान को “तोड़-मरोड़कर पेश किया गया” है। उन्होंने मीडिया पर आरोप लगाते हुए कहा,
“पहले मुझसे सवाल पूछते हो, फिर मेरे जवाब को गलत तरीके से दिखाते हो। मैंने सिर्फ सुरक्षा की बात कही थी।”
भाजपा का पलटवार
मुख्यमंत्री के बयान पर भाजपा ने ममता बनर्जी को घेर लिया है। भाजपा विधायक अग्निमित्रा पॉल ने इसे “शर्मनाक” बताया और कहा कि “ममता सरकार का रवैया तालिबान जैसा है।”
भाजपा प्रवक्ता गौरव भाटिया ने ‘एक्स’ पर लिखा —
“बेशर्म ममता जी, नारीत्व पर कलंक हैं। मुख्यमंत्री होकर भी ऐसी टिप्पणी करना निंदनीय है।”
वहीं भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने कहा,
“बेटी के साथ खड़े होने के बजाय ममता बनर्जी उसे ही दोषी ठहरा रही हैं। यह बलात्कारियों का बचाव करने जैसा है।”
प्रशासनिक कार्रवाई
बालेश्वर के अतिरिक्त जिलाधिकारी हेमंत सिंह ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस ने घटना के 36 घंटे के भीतर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।