जयपुर के अस्पताल के ICU में दर्दनाक हादसा: आग, धुआं और 8 मौतें !

जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर स्थित सवाई मानसिंह अस्पताल (SMS Hospital) में सोमवार देर रात आईसीयू में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। आग फैलते ही आईसीयू में जहरीला धुआं भर गया, जिससे दम घुटने के कारण 8 मरीजों की मौत हो गई।
अस्पताल ने क्या कहा
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, घटना के समय कुल 24 मरीज भर्ती थे। इनमें से 11 मरीज ट्रॉमा आईसीयू में और 13 मरीज सेमी-आईसीयू में थे। अस्पताल कर्मचारियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 16 मरीजों को सुरक्षित बाहर निकाला।
ट्रॉमा सेंटर प्रभारी डॉक्टर अनुराग धाकड़ ने बताया,
“हमारे ट्रॉमा सेंटर की दूसरी मंजिल पर दो आईसीयू हैं — ट्रॉमा आईसीयू और सेमी-आईसीयू। शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी और जहरीला धुआं फैलने से मरीजों की मौत हो गई।”
अस्पताल के अधिकारी ने कहा कि ज्यादातर गंभीर मरीज बेहोशी की हालत में थे। नर्सिंग स्टाफ और वार्ड बॉय की मदद से मरीजों को ट्रॉली पर लादकर बाहर निकाला गया। छह मरीजों को सीपीआर देने की कोशिश की गई, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।
मुख्यमंत्री समेत मंत्री पहुंचे अस्पताल
घटना की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल और मंत्री जवाहर सिंह अस्पताल पहुंचे। मंत्री जवाहर सिंह ने कहा,
“ यह एक दुखद घटना है। हमारी प्राथमिकता सभी मरीजों को बचाना थी। 24 मरीजों में से अधिकांश को बचा लिया गया।”
उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री ने सभी मरीजों का बेहतर इलाज सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी दुर्घटना न होने के लिए जांच के आदेश दिए हैं।
परिजनों का आरोप
मृतक मरीजों के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया।
एक व्यक्ति ने कहा,
“आईसीयू में आग लगी, लेकिन उसे बुझाने के लिए कोई उपकरण नहीं था। न सिलेंडर था, न पानी की सुविधा। मेरी मां का निधन हो गया।”
एक अन्य परिजन ने बताया,
“मेरे मौसी का बेटा पिंटू सिर्फ 25 साल का था। रात 11:20 पर जब धुआं निकलने लगा तो हमने डॉक्टर को बताया कि मरीजों को दिक्कत हो सकती है। धीरे-धीरे धुआं बढ़ता गया और सभी लोग बाहर चले गए। हम चार-पांच मरीजों को निकाल पाए, लेकिन पिंटू को नहीं बचा सके। उसे दो दिन में छुट्टी मिलने वाली थी, पर वह जलने से मर गया।”
जांच के आदेश
राज्य सरकार ने हादसे की तत्काल जांच के आदेश दिए हैं और कहा है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।