बिहार विधानसभा चुनाव 2025: महागठबंधन ने पेश किया चुनावी घोषणा-पत्र, जानें 10 प्रमुख वादे
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 नजदीक आ चुके हैं और राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इस बीच महागठबंधन ने पटना में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में अपना चुनावी घोषणा-पत्र का पहला भाग पेश किया। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इस अवसर पर कई अहम घोषणाएं कीं, जिनमें पिछड़े वर्ग, महिलाओं, युवाओं और किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं शामिल हैं। इस लेख में हम महागठबंधन के 10 प्रमुख वादों और नेताओं के बयान को विस्तार से समझेंगे।

महागठबंधन के प्रमुख वादे –
1. 30% आरक्षण की घोषणा – महागठबंधन ने अत्यंत पिछड़ा वर्ग (EBC) के लिए पंचायती राज संस्थाओं और स्थानीय निकायों में 30% आरक्षण देने का वादा किया है।
2. नए कानून का प्रस्ताव – EBC समुदाय के लिए अत्याचारों को रोकने हेतु एक नया कानून बनाने की घोषणा की गई है, जो अनुसूचित जाति और जनजाति के लिए मौजूदा कानून के समान होगा।
3. जातीय जनगणना की मांग – कांग्रेस और महागठबंधन ने केंद्र सरकार से जातीय जनगणना करवाने की मांग की है, ताकि समाज के विभिन्न वर्गों की वास्तविक स्थिति का पता चल सके।
4. संविधानिक सुरक्षा की पेशकश – बिहार में 65% आरक्षण को संविधानिक सुरक्षा देने का प्रस्ताव किया गया है, जैसा कि तमिलनाडु में 30 वर्ष पहले किया गया था।
5. युवाओं के लिए रोजगार की योजना – कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने कहा कि बिहार में कांग्रेस की सरकार बनने पर युवाओं को पहली प्राथमिकता दी जाएगी, और रोजगार सृजन के लिए योजनाएं बनाई जाएंगी।
6. महिलाओं के लिए सुरक्षा और सशक्तिकरण – महिलाओं के लिए सुरक्षा, शिक्षा और रोजगार के अवसर बढ़ाने की योजना बनाई गई है।
7. कृषि क्षेत्र में सुधार – किसानों के लिए बेहतर मूल्य, सिंचाई सुविधाएं और ऋण की सुलभता सुनिश्चित करने के लिए योजनाएं बनाई जाएंगी।
8. शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार – स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर करने, सरकारी अस्पतालों में दवाइयों की उपलब्धता बढ़ाने और स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की योजना है।
9. बेरोज़गारी भर्ती – बेरोज़गार युवाओं को भर्ती देने की योजना बनाई गई है, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें।
10. विकास कार्यों में पारदर्शिता – विकास कार्यों में पारदर्शिता और भ्रष्टाचार पर नियंत्रण रखने के लिए कड़े कदम उठाए जाएंगे।
नेताओं के बयान –
राहुल गांधी – मोदी पर निशाना साधते हुए मैंने लोकसभा में मोदी से दो बातें कहीं
” देश में जातिगत जनगणना होगी। आरक्षण में 50% की दीवार तोड़ी जाएगी। मकसद है कि अतिपिछड़ा, पिछड़ा, दलित, आदिवासी और अल्पसंख्यक वर्गों को बराबर भागीदारी मिले और देश में हर किसी की संख्या साफ़ पता चले। ”
तेजस्वी यादव – कहा कि ” नीतीश सरकार नकलची है, इनके पास कोई विजन नहीं। पेंशन, बिजली, महिलाओं और माई-बहन मान योजना जैसे वादों को भी नकल कर सकते हैं। 2005 से 2025 तक बहुत हो गया। मोदी-शाह बिहार की सरकार चला रहे हैं। हमारी लड़ाई भ्रष्ट अधिकारियों से है, जो बिहार की तिजोरी खाली कर रहे हैं। ”
मल्लिकार्जुन खड़गे – कहा कि ” जब हम बिहार में सत्ता में आएंगे तो हम 10 सूत्री कार्यक्रम लागू करेंगे हमें पिछड़े वर्ग दलित और अन्य लोगों का उत्थान करना होगा जो अपने अधिकारों से वंचित हैं। “