राघवेंद्र कुमार, जिन्हें ‘हेलमेट मैन ऑफ इंडिया’ कहा जाता है, KBC 17 में अमिताभ बच्चन द्वारा सम्मानित किए गए।
जानिए उनकी सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने की प्रेरक पहल और भविष्य की योजनाएँ।
देश की सड़कों पर सुरक्षा की अहमियत को समझाने वाला एक नाम है राघवेंद्र कुमार, जिन्हें ‘हेलमेट मैन ऑफ इंडिया’ कहा जाता है। हाल ही में वे कौन बनेगा करोड़पति KBC 17 के मंच पर आए, जहां उन्हें बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने सम्मानित किया। उनकी कहानी न सिर्फ सड़क सुरक्षा की जागरूकता फैलाती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि एक व्यक्ति की छोटी सी पहल समाज में बड़ा बदलाव ला सकती है।
कैसे हुई शुरुआत
राघवेंद्र कुमार का जन्म बिहार के कैमूर जिले में हुआ था। उन्होंने अपनी शिक्षा पूरी करने के बाद एक निजी कंपनी में नौकरी शुरू की। लेकिन एक घटना ने उनकी जिंदगी बदल दी। उनके जिगरी दोस्त की सड़क हादसे में मौत ने उन्हें यह एहसास दिलाया कि हेलमेट की कमी कितनी जानलेवा साबित हो सकती है। इस घटना के बाद उन्होंने ठान लिया कि वह सड़क सुरक्षा के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाएंगे। उनका उद्देश्य साफ था , हर बाइक सवार तक हेलमेट पहुँचाना और उन्हें सुरक्षा का संदेश देना।
हेलमेट वितरण का अनोखा तरीका
राघवेंद्र कुमार उन लोगों को मुफ्त में हेलमेट देते हैं जो बिना हेलमेट के बाइक चला रहे होते हैं। इसके अलावा, यदि किसी का हाल ही में चालान कटा हो, तो वह चालान दिखाने पर भी हेलमेट प्रदान करते हैं। उनकी पहल केवल हेलमेट बांटने तक सीमित नहीं है। उन्होंने जरूरतमंदों के लिए ₹5 लाख का एक्सीडेंटल इंश्योरेंस भी करवाया है, जिसमें वह केवल ₹1,000 लेते हैं। अब तक उन्होंने हजारों लोगों को मुफ्त हेलमेट वितरित किए हैं और यह अभियान लगातार जारी है।
KBC 17 में सम्मान
हाल ही में राघवेंद्र कुमार को KBC 17 के ‘हीरोज ऑन द फ्लोर’ सेगमेंट में आमंत्रित किया गया। इस अवसर पर अमिताभ बच्चन ने उन्हें मंच पर बुलाकर सम्मानित किया और उनकी निस्वार्थ सेवा की भी सराहना की।
राघवेंद्र ने भी कहा कि यह सम्मान उनके जीवन का सबसे यादगार पल है और उन्होंने अमिताभ बच्चन को धन्यवाद दिया।

सोशल मीडिया पर वायरल
अमिताभ बच्चन के साथ राघवेंद्र कुमार की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इस तस्वीर में वे अमिताभ को हेलमेट भेंट करते हुए दिखाई दे रहे हैं। यह तस्वीर उनके संघर्ष और समर्पण का प्रतीक बन गई है। सोशल मीडिया पर लोग उनकी इस निस्वार्थ सेवा की सराहना कर रहे हैं और खुद भी सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक होने की प्रेरणा ले रहे हैं।
सड़क सुरक्षा का संदेश
राघवेंद्र कुमार कहते है “मैं चाहता हूँ कि कोई भी मां अपने बेटे को सड़क हादसे में न खोए।” उनकी पहल समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में एक उदाहरण बन चुकी है। बच्चों और युवाओं के बीच जागरूकता फैलाने के लिए वे विभिन्न कार्यक्रमों और कैंपेन में भी सक्रिय रहते हैं।
भविष्य की योजना
राघवेंद्र कुमार का उद्देश्य केवल हेलमेट वितरण तक सीमित नहीं है। वे पूरे देश में अभियान चलाकर हर बाइक सवार तक हेलमेट पहुँचाना चाहते हैं। उनका सपना है कि भारत में कोई भी बाइक सवार बिना हेलमेट के सड़क पर न निकले और सड़क हादसों की संख्या कम हो। इसके लिए वे स्कूलों, कॉलेजों और सामाजिक संगठनों के साथ मिलकर जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित करते हैं।