राहुल गांधी ने कोलंबिया की EIA यूनिवर्सिटी में भारत में लोकतंत्र पर बढ़ते खतरे
नोटबंदी और GST को अर्थव्यवस्था पर घातक प्रहार बताया और विपक्ष की आवाज दबाए जाने पर चिंता जताई।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी इन दिनों लैटिन अमेरिकी देशों के दौरे पर हैं। कोलंबिया की EIA यूनिवर्सिटी में आयोजित ‘The Future is Today’ कॉन्फ्रेंस में उन्होंने भारत की मौजूदा स्थिति पर बड़ा बयान दिया। राहुल ने कहा “भारत में लोकतंत्र पर हमला हो रहा है। सत्ता में बैठे लोग चाहते हैं कि हर संस्थान उनकी मर्ज़ी से काम करे। यह भारत की आत्मा और पहचान के खिलाफ है।”
राहुल ने छात्रों से बातचीत में कहा कि भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी विविधता और लोकतांत्रिक ढांचा है, लेकिन आज इन मूल्यों पर खतरा मंडरा रहा है। उन्होंने नोटबंदी और जीएसटी को भारत की अर्थव्यवस्था पर ‘घातक प्रहार’ बताते हुए कहा कि “इससे नौकरियां खत्म हुईं और इकोनॉमी कुछ लोगों के हाथों में सिमट गई।”
छात्रों के सवाल-जवाब में राहुल के मुख्य बयान
1. भारत का लोकतंत्र सिर्फ राजनीति नहीं, बल्कि हमारी पहचान है।
2.असहमति की आवाज को दबाना लोकतंत्र को कमजोर करता है।
3. भारत को चीन से प्रोडक्शन बढ़ाने की सीख लेनी होगी, लेकिन लोकतांत्रिक तरीके से।
4.हेल्थ और एजुकेशन में AI बड़ा रोल निभाएगा, लेकिन गरीबों के लिए सरकारी सुविधाओं को मजबूत करना जरूरी है।
5. भारत केवल सर्विस सेक्टर पर निर्भर रहकर तरक्की नहीं कर सकता।
राहुल ने कहा कि “आज की सरकार ‘सेंट्रलाइज्ड करप्शन’ चला रही है। और विपक्ष की आवाज दबा रही है। उनका मानना है, कि भारत तभी सफल हो सकता है जब लोकतंत्र और संस्थाओं को स्वतंत्र रखा जाए।”
आपको बता दें, राहुल गांधी के कई विदेशी दौरे पहले भी विवादों में रहे हैं। 2022 में ब्रिटेन दौरे पर उन्होंने भारत सरकार की तुलना पाकिस्तान से की थी। वहीं, 2019 में CAA आंदोलन के बीच दक्षिण कोरिया गए थे। तब बीजेपी ने उन पर आरोप लगाया था कि वह चुनावी सीज़न में विदेश जाकर भारत को बदनाम करते हैं और जिम्मेदारी से भागते हैं।