जीतू पटवारी के बयान पर पलटवार, बोले – “लाडली बहनों का अपमान करने वालों का चप्पलों से स्वागत करो।”
कांग्रेस को तीन तलाक और राम मंदिर मुद्दे पर भी घेरा, वोट बैंक की राजनीति का लगाया आरोप।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव शनिवार को अशोकनगर के दौरे पर पहुंचे। यहाँ सांसद केपी यादव के पिता की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने उन्हें याद करते हुए उनकी प्रतिमा का अनावरण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने अपने लक्ष्यों के बारे में विस्तार से बताया और कांग्रेस पार्टी पर जमकर निशाना साधा।
जीतू पटवारी के बयान पर तीखा पलटवार
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कांग्रेस नेता जीतू पटवारी के विवादित बयान का उल्लेख करते हुए कहा – “बहनों, जब यह कांग्रेसी आपके पास आएँ, तो चप्पलों से इनका स्वागत करना। ये आरोप लगाते हैं कि लाडली बहना योजना में दिए गए पैसों से महिलाएँ शराब पी जाती हैं। मुझे यह बात अपने मुंह से कहते हुए भी शर्म आती है। उन्हें बताना चाहिए कि यह पैसे हम अपने घर-परिवार को चलाने और ज़रूरतें पूरी करने के लिए उपयोग करते हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि “यह बेईमान बस एक ही काम करते हैं – आपस में लड़ाई करवाओ और झूठ फैलाओ।”
क्या था पटवारी का बयान?
मध्य प्रदेश के हालात पर बोलते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा था कि राज्य में बेरोजगारी और नशे की वजह से स्थिति काफी खराब है। उन्होंने दावा किया कि “हमें यह तमगा मिला है कि पूरे देश में अगर कहीं महिलाएँ सबसे ज़्यादा शराब पीती हैं, तो वह मध्य प्रदेश है।”
राम मंदिर और तीन तलाक पर कांग्रेस को घेरा
मोहन यादव ने कांग्रेस को राम मंदिर और तीन तलाक के मुद्दे पर भी घेरा । उन्होंने कहा कि केवल वोट बैंक की राजनीति के लिए कांग्रेस ने तीन तलाक की परंपरा को जारी रखा, जबकि अधिकांश मुस्लिम देशों ने इस व्यवस्था को पहले ही समाप्त कर दिया है।
साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि राम मंदिर के मामले पर उसने देश को सालों तक गुमराह किया ।